Snacks in winter : सर्दियों के मौसम में पाचन अग्नि तेज होने के कारण भूख जल्दी लगती है और अक्सर खाने के कुछ घंटे बाद ही तीखा, मसालेदार या खस्ता खाने का मन करता है। कई लोग इस भूख को शांत करने के लिए चाय के साथ चिप्स, नमकीन या तले-भुने स्नैक्स का सेवन करते हैं, जो लंबे समय में पाचन और हृदय स्वास्थ्य के लिए हानिकारक साबित हो सकते हैं।
ऐसे समय में पॉपकॉर्न हेल्दी और स्वादिष्ट विकल्प के रूप में सामने आता है। पॉपकॉर्न तले-भुने और मसालेदार स्नैक्स की तुलना में कम तेल और मसालों में तैयार होता है। इसके अलावा, चिप्स में लंबे समय तक ताजगी बनाए रखने के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले केमिकल्स से भी बचा जा सकता है।
पॉपकॉर्न एक साबुत अनाज है और इसमें कार्बोहाइड्रेट, फाइबर, प्रोटीन, फैट, आयरन, मैग्नीशियम और एंटीऑक्सीडेंट जैसे पोषक तत्व भरपूर मात्रा में मौजूद होते हैं। सर्दियों में शरीर में वात दोष बढ़ता है, और पॉपकॉर्न की रुक्ष तासीर इसे संतुलित रखने में मदद करती है। यह कैलोरी कंट्रोल में भी सहायक है और वजन बढ़ने की चिंता कम करती है।
तली-भुनी और मसालेदार चीजों के सेवन से कोलेस्ट्रॉल बढ़ता है, जो हृदय और रक्त वाहिकाओं पर दबाव डालता है। पॉपकॉर्न के नियमित सेवन से यह दबाव कम होता है और रक्त वाहिकाओं की स्वास्थ्य बनी रहती है। पेट की सेहत के लिए भी यह बेहतर है, बशर्ते गैस या अपच की समस्या न हो।
पॉपकॉर्न का सेवन अधिक लाभकारी बनाने के लिए इसे काला नमक, देसी घी और जीरा पाउडर के साथ तैयार करना चाहिए। यह न केवल स्वाद बढ़ाता है, बल्कि पेट और पाचन स्वास्थ्य के लिए भी फायदेमंद है।
इस सर्दियों में बार-बार लगने वाली भूख को नियंत्रित करने और हेल्दी स्नैक के तौर पर पॉपकॉर्न अपनाया जा सकता है, जिससे स्वाद और सेहत दोनों का ध्यान रखा जा सके।