नई दिल्ली: सरकार का प्रोजेक्ट मॉनिटरिंग ग्रुप (पीएमजी) अब देशभर में 78 लाख करोड़ रुपए से अधिक की लागत वाली 3,000 से ज्यादा परियोजनाओं की सक्रिय निगरानी कर रहा है। केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने रविवार को बताया कि पीएमजी ने अब तक 94% मामलों में परियोजनाओं से जुड़ी चुनौतियों का समयबद्ध समाधान किया है, जिससे देश में विश्वस्तरीय बुनियादी ढांचे के निर्माण में मदद मिली है।
पीयूष गोयल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा कि पीएमजी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘रिफॉर्म, परफॉर्म और ट्रांसफॉर्म’ विजन के अनुरूप विकसित भारत 2047 के लक्ष्यों को हासिल करने में अहम भूमिका निभा रहा है। उन्होंने कहा कि समय पर समस्याओं का समाधान होने से परियोजनाओं की गति में उल्लेखनीय सुधार हुआ है और निवेशकों का भरोसा बढ़ा है।
पीएमजी 500 करोड़ रुपए या उससे अधिक निवेश वाली परियोजनाओं पर विशेष ध्यान केंद्रित करता है। यह संस्थागत व्यवस्था न केवल परियोजनाओं की प्रगति की निगरानी करती है, बल्कि नियमों और प्रक्रियाओं से जुड़ी अड़चनों को भी तेज़ी से दूर करने में मदद करती है।
पीएमजी की स्थापना 2013 में कैबिनेट सचिवालय में एक विशेष सेल के रूप में हुई थी, जिसे 2015 में प्रधानमंत्री कार्यालय के प्रशासनिक नियंत्रण में लाया गया। वर्तमान में यह निवेश इंडिया, उद्योग और आंतरिक व्यापार विभाग तथा वाणिज्य मंत्रालय के अंतर्गत कार्य कर रहा है, ताकि निवेशकों को एक ही मंच पर सभी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें और निवेश प्रक्रिया सुगम हो सके।
सरकार के अनुसार, पीएमजी मुख्य रूप से बुनियादी ढांचे से संबंधित परियोजनाओं की निगरानी करता है, लेकिन परियोजनाओं की गुणवत्ता और मानकों के आधार पर अन्य क्षेत्रों के मध्यम और बड़े प्रोजेक्ट्स को भी इसमें शामिल किया जाता है। यह संस्था सार्वजनिक, निजी और सार्वजनिक-निजी भागीदारी वाली परियोजनाओं को समय पर पूरा कराने, नीतिगत अड़चनों को दूर करने और परियोजनाओं को मंजूरी दिलाने में निर्णायक भूमिका निभा रही है।