नेशनल डेस्कः कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में कमर्शियल एलपीजी गैस की कमी के कारण मंगलवार से होटल और रेस्टोरेंट बंद होने की आशंका पैदा हो गई है। शहर के होटल संगठनों का कहना है कि अगर 19 किलो वाले कमर्शियल एलपीजी सिलेंडरों की आपूर्ति तुरंत बहाल नहीं हुई, तो कई होटल और भोजनालय अपने संचालन को अस्थायी रूप से रोकने पर मजबूर हो सकते हैं।
होटल एसोसिएशन के अनुसार अचानक गैस सप्लाई बाधित होने से होटल कारोबार बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। अगर बड़ी संख्या में होटल और रेस्टोरेंट बंद होते हैं, तो रोजाना काम या अन्य जरूरतों के लिए शहर आने वाले लाखों लोगों को खाने-पीने की व्यवस्था में परेशानी झेलनी पड़ सकती है।
सोमवार को नहीं मिली कमर्शियल गैस की सप्लाई
होटल एसोसिएशन के अध्यक्ष ने बताया कि सोमवार को शहर के कई होटल और रेस्टोरेंट तक कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर नहीं पहुंच पाए। उनका कहना है कि यदि मंगलवार को भी गैस की सप्लाई सामान्य नहीं होती है, तो धीरे-धीरे अधिकांश होटल और भोजनालयों को अपने दरवाजे बंद करने पड़ सकते हैं।
एसोसिएशन ने एक प्रेस बयान में कहा कि तेल कंपनियों ने पहले कम से कम 70 दिनों तक गैस सप्लाई बनाए रखने का आश्वासन दिया था, लेकिन अब अचानक सप्लाई रुक जाने से होटल कारोबारियों के सामने गंभीर संकट खड़ा हो गया है।
जमाखोरी रोकने के लिए सरकार की नई व्यवस्था
इधर सरकार ने एलपीजी सिलेंडरों की जमाखोरी और काले बाजार को रोकने के लिए नियमों में बदलाव किया है। सरकारी सूत्रों के मुताबिक अब एलपीजी सिलेंडर की दो बुकिंग के बीच का अंतर 21 दिनों से बढ़ाकर 25 दिन कर दिया गया है। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि लोग जरूरत से अधिक सिलेंडर जमा न करें।
सूत्रों का कहना है कि खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते तनाव और उससे जुड़ी अफवाहों के कारण कई उपभोक्ता सामान्य से ज्यादा एलपीजी सिलेंडर बुक कर रहे हैं। कुछ मामलों में देखा गया है कि जो लोग पहले लगभग दो महीने में एक बार सिलेंडर लेते थे, वे अब 15 दिनों के भीतर ही दोबारा बुकिंग करने लगे हैं।
रिफाइनरियों को उत्पादन बढ़ाने का निर्देश
स्थिति को संभालने के लिए सरकार ने देश की रिफाइनरियों को एलपीजी उत्पादन बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही कंपनियों से कहा गया है कि कमर्शियल कनेक्शन की तुलना में घरेलू एलपीजी उपभोक्ताओं को प्राथमिकता दी जाए, ताकि आम लोगों को रसोई गैस की कमी का सामना न करना पड़े।
इसके अलावा सरकार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी नए सप्लायर तलाश रही है, जिससे गैस की उपलब्धता बढ़ाई जा सके और भविष्य में ऐसी स्थिति से बचा जा सके।
कई देशों ने सप्लाई की पेशकश की
सरकारी सूत्रों के मुताबिक कई देशों ने भारत को एलपीजी उपलब्ध कराने के लिए संपर्क किया है। इनमें अल्जीरिया, ऑस्ट्रेलिया, कनाडा और नॉर्वे जैसे देश शामिल हैं। इन देशों के साथ बातचीत जारी है, ताकि जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त गैस आयात कर देश में सप्लाई को स्थिर रखा जा सके।