नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी के नेता राघव चड्ढा को राज्यसभा में उपनेता पद से हटाए जाने के बाद पार्टी के भीतर मतभेद खुलकर सामने आने लगे हैं। इस मुद्दे को लेकर सोशल मीडिया पर भी बयानबाजी तेज हो गई है और कई नेताओं के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है।
इसी बीच राघव चड्ढा ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक वीडियो साझा कर प्रतिक्रिया दी। वीडियो के साथ उन्होंने लिखा कि पार्टी के कुछ साथियों को यह कहते हुए वीडियो जारी करना पड़ा कि उन्होंने संसद में पंजाब के मुद्दे नहीं उठाए। उन्होंने इसे “एक छोटा सा ट्रेलर” बताते हुए कहा कि “अभी पूरी पिक्चर बाकी है।”
अपने संदेश में उन्होंने पंजाब के साथ अपने जुड़ाव का जिक्र करते हुए कहा कि यह उनके लिए केवल चर्चा का विषय नहीं, बल्कि उनका घर, कर्तव्य और पहचान है। उन्होंने यह भी कहा कि उनके खिलाफ लगाए जा रहे आरोपों का वह समय आने पर विस्तार से जवाब देंगे।
पार्टी के कुछ नेताओं की आलोचना पर पलटवार करते हुए चड्ढा ने कहा कि उनके खिलाफ एक जैसी भाषा में आरोप लगाए जा रहे हैं, जिससे यह एक संगठित अभियान जैसा लगता है। उन्होंने इसे अपने खिलाफ “सुनियोजित हमला” बताया।
करीब ढाई मिनट के वीडियो में उन्होंने यह भी कहा कि संसद में जनता से जुड़े मुद्दे उठाना उनका कर्तव्य है और इसे गलत तरीके से पेश किया जा रहा है। वाकआउट को लेकर लगाए गए आरोपों पर उन्होंने कहा कि संसद की कार्यवाही रिकॉर्ड में दर्ज होती है और तथ्य सामने आने पर सच्चाई स्पष्ट हो जाएगी।
मुख्य चुनाव आयुक्त से जुड़े प्रस्ताव पर हस्ताक्षर नहीं करने के आरोप को भी उन्होंने खारिज किया। उनका कहना था कि राज्यसभा में पार्टी के कई सदस्यों ने उस प्रस्ताव पर हस्ताक्षर नहीं किए थे।
उन्होंने यह भी कहा कि उनका उद्देश्य संसद में हंगामा करना नहीं, बल्कि जनता से जुड़े मुद्दों को उठाना है। उनके अनुसार उन्होंने वस्तु एवं सेवा कर, पानी से जुड़े विषय, पंजाब के जल विवाद, दिल्ली में वायु प्रदूषण, बेरोजगारी और महंगाई जैसे मुद्दों पर सदन में आवाज उठाई है।
इस पूरे विवाद को लेकर आम आदमी पार्टी की आधिकारिक प्रतिक्रिया लेने की कोशिश की गई, लेकिन खबर लिखे जाने तक पार्टी की ओर से कोई औपचारिक बयान सामने नहीं आया।