भिलाई, 19 मई 2026। उप पुलिस महानिरीक्षक एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जिला दुर्ग द्वारा पुलिस कंट्रोल रूम सेक्टर-06 में समस्त राजपत्रित अधिकारियों, थाना प्रभारियों एवं चौकी प्रभारियों की क्राइम मीटिंग आयोजित की गई। बैठक में अपराध नियंत्रण, लंबित प्रकरणों के त्वरित निराकरण, वारंटियों की तामीली, मालखाना संधारण एवं पुलिस व्यवस्था को अधिक प्रभावी एवं जवाबदेह बनाने संबंधी आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
बैठक में विशेष रूप से थानों में वर्ष 2000 से लंबित खात्मा एवं खारिजी प्रकरणों, जिनका न्यायालय से निराकरण नहीं हुआ है, उन्हें शीघ्र न्यायालय से स्वीकृत कराने हेतु आवश्यक कार्यवाही करने निर्देशित किया गया। साथ ही निगरानी एवं गुंडा बदमाशों की सतत चेकिंग कर नियमित सत्यापन सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने स्थायी वारंटियों की तामीली में तेजी लाने, पुराने लंबित प्रकरणों का निराकरण करने तथा वारंटियों की सूची एवं फोटो सार्वजनिक रूप से थानों में प्रदर्शित करने के निर्देश दिए। आम नागरिकों से वारंटियों की सूचना प्राप्त होने पर इनाम दिए जाने संबंधी जानकारी का व्यापक प्रचार-प्रसार करने भी कहा गया।
बैठक में दुर्घटनाओं में जप्त वाहनों के त्वरित सुपुर्दनामे, मालखाना रिकॉर्ड नियमित रूप से अपडेट रखने तथा शासकीय संपत्तियों के व्यवस्थित संधारण एवं पंजीयन के निर्देश दिए गए। थाना परिसरों के प्रशासनिक एवं आवासीय भवनों की वर्तमान स्थिति रजिस्टर में स्पष्ट रूप से दर्ज करने पर भी जोर दिया गया।

इसके अलावा फरियादियों एवं पीड़ितों के साथ सम्मानजनक व्यवहार करते हुए उनकी शिकायतों को धैर्यपूर्वक सुनकर त्वरित एवं विधिसम्मत कार्रवाई सुनिश्चित करने कहा गया। प्रत्येक सूचना पर तत्काल पुलिस कार्रवाई तथा विभागीय अनुशासन बनाए रखने हेतु सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को जिम्मेदारीपूर्वक कार्य करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में बीट प्रभारी द्वारा प्रतिमाह एवं थाना प्रभारी द्वारा प्रत्येक तीन माह में निगरानी बदमाशों का सत्यापन करने, आरक्षक एवं प्रधान आरक्षकों को नियमित रूप से एबी नोटबुक संधारित करने, तथा सउनि से निरीक्षक स्तर तक के अधिकारियों की एसीआर इसी माह ऑनलाइन दर्ज करने हेतु भी निर्देशित किया गया।