लंदन। भारत और इंग्लैंड महिला क्रिकेट टीम के बीच लॉर्ड्स में खेले जा रहे एकमात्र टेस्ट मैच के पहले दिन भारतीय ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा ने शानदार अर्धशतक जड़ते हुए टीम को मजबूत स्कोर तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई। दिन का खेल समाप्त होने के बाद दीप्ति ने टीम की सफलता का श्रेय शीर्ष क्रम की बल्लेबाजों, खासकर स्मृति मंधाना की शानदार पारी को दिया।
भारतीय टीम ने पहली पारी में 285 रन बनाए। टीम की ओर से स्मृति मंधाना ने 83 रन, कप्तान हरमनप्रीत कौर ने 58 रन, जेमिमा रोड्रिग्स ने 35 रन और दीप्ति शर्मा ने 87 गेंदों में 57 रनों की उपयोगी पारी खेली। जवाब में इंग्लैंड ने पहले दिन का खेल समाप्त होने तक एक विकेट के नुकसान पर 21 रन बना लिए। भारतीय गेंदबाजों ने टैमी ब्यूमोंट को सिर्फ दो रन पर आउट कर शानदार शुरुआत दिलाई।
मैच के बाद दीप्ति शर्मा ने कहा कि टॉप ऑर्डर की बल्लेबाजों ने टीम को मजबूत शुरुआत दी, जिससे मध्यक्रम के बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का मौका मिला। उन्होंने विशेष रूप से स्मृति मंधाना की सराहना करते हुए कहा कि मुश्किल परिस्थितियों में उन्होंने धैर्य और जिम्मेदारी के साथ बल्लेबाजी कर टीम की पारी को संभाला।
दीप्ति ने कहा कि लॉर्ड्स की पिच बल्लेबाजों और गेंदबाजों दोनों के लिए चुनौतीपूर्ण साबित हो रही है। उनके अनुसार विकेट से टर्न भी मिल रही है, कुछ गेंदें नीचे रह रही हैं, जबकि कुछ अतिरिक्त उछाल ले रही हैं। ऐसे में हर गेंद पर सतर्क रहना जरूरी है।
भारतीय ऑलराउंडर ने विश्वास जताया कि दूसरे दिन भी भारतीय गेंदबाज पिच की परिस्थितियों का पूरा फायदा उठा सकते हैं। उन्होंने कहा कि यदि गेंदबाज लगातार सही लाइन और लेंथ पर गेंदबाजी करेंगे तो इंग्लैंड की बल्लेबाजी पर दबाव बनाए रखा जा सकता है।
दीप्ति शर्मा ने लॉर्ड्स में महिला टेस्ट मैच खेले जाने को महिला क्रिकेट के लिए ऐतिहासिक अवसर बताया। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में महिला क्रिकेट तेजी से आगे बढ़ा है और खिलाड़ियों को पहले की तुलना में अधिक पहचान मिल रही है। उन्होंने उम्मीद जताई कि भारतीय टीम आगे भी इसी जज्बे के साथ शानदार प्रदर्शन करती रहेगी।