रायपुर/दुर्ग, 2 अगस्त। भगवा (भारतीय गण वार्ता) पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष देवेश मिश्रा ने कथित रूप से सनातन धर्म और हिंदू देवी-देवताओं पर की गई आपत्तिजनक टिप्पणियों की कड़ी निंदा करते हुए केंद्र सरकार से संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
देवेश मिश्रा ने आरोप लगाया कि मौलाना जर्जिस द्वारा भगवान श्रीकृष्ण, त्रिदेव (ब्रह्मा, विष्णु और महेश) तथा दलित वाल्मीकि समाज के संबंध में कथित रूप से आपत्तिजनक बयान दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में कानून के तहत कठोर कार्रवाई की जानी चाहिए और समाज में वैमनस्य फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाने चाहिए।
उन्होंने कांग्रेस सांसद पप्पू यादव के संसद परिसर में किए गए प्रदर्शन की भी आलोचना करते हुए कहा कि यदि किसी के धार्मिक प्रतीकों या आस्थाओं का अपमान हुआ है, तो संबंधित मामले में भी कानून के अनुसार कार्रवाई होनी चाहिए।
देवेश मिश्रा ने कहा कि सभी राजनीतिक दलों को सभी धर्मों और आस्थाओं का समान सम्मान करना चाहिए। उनका आरोप है कि कांग्रेस के कुछ नेताओं के बयानों से सनातन धर्म की भावनाएं आहत हुई हैं। उन्होंने कहा कि यदि किसी भी दल का कोई नेता धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला बयान देता है, तो उसके खिलाफ निष्पक्ष कार्रवाई होनी चाहिए।
उन्होंने यह भी कहा कि केंद्र और राज्यों में सरकार होने के बावजूद ऐसे मामलों में अपेक्षित कार्रवाई नहीं होने से लोगों में असंतोष है। भगवा पार्टी ने मांग की कि सनातन धर्म, देवी-देवताओं और किसी भी धर्म के विरुद्ध आपत्तिजनक टिप्पणी करने वालों पर बिना भेदभाव के कानूनी कार्रवाई की जाए।
देवेश मिश्रा ने बताया कि उनकी पार्टी प्रदेशभर में “सनातन जागृति अभियान” चला रही है, जिसके माध्यम से लोगों को अपने धर्म, संस्कृति और संवैधानिक अधिकारों के प्रति जागरूक किया जा रहा है।