कोलकाता: पश्चिम बंगाल में भारत-बांग्लादेश सीमा की सुरक्षा को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि केंद्र की ओर से बार-बार अनुरोध किए जाने के बावजूद पिछली सरकार ने सीमा पर बाड़ लगाने के लिए जरूरी जमीन उपलब्ध नहीं कराई। अमित शाह ने दावा किया कि 2014 से केंद्र 1,129 एकड़ जमीन की मांग कर रहा था, लेकिन राज्य में भाजपा सरकार बनने के बाद ही यह जमीन उपलब्ध हो सकी।
पश्चिम बंगाल दौरे के दूसरे दिन शुक्रवार को अमित शाह सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) के फ्रंटियर मुख्यालय में आयोजित भूमि पूजन और विभिन्न परियोजनाओं के शिलान्यास कार्यक्रम में शामिल हुए। इसी दौरान उन्होंने सीमा सुरक्षा से जुड़े मुद्दे पर पिछली सरकार को घेरा।
गृह मंत्री ने कहा कि भारत-बांग्लादेश सीमा पर सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) द्वारा फेंसिंग का काम पूरा करने के लिए राज्य सरकार से लगातार जमीन मांगी गई थी। उनके अनुसार, सीमा सुरक्षा को मजबूत करने के लिए 1,129 एकड़ जमीन की आवश्यकता थी, लेकिन लंबे समय तक यह उपलब्ध नहीं कराई गई। उन्होंने कहा कि मौजूदा सरकार के सत्ता में आने के बाद यह जमीन मिल सकी।
सिलीगुड़ी कॉरिडोर के लिए भी जमीन का मुद्दा उठाया
अमित शाह ने रणनीतिक रूप से बेहद अहम सिलीगुड़ी कॉरिडोर का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि इस संवेदनशील क्षेत्र की सुरक्षा मजबूत करने के लिए केंद्र को 560 एकड़ जमीन की जरूरत थी। शाह के मुताबिक, पिछली सरकार के कार्यकाल में इस जमीन को लेकर भी लंबे समय तक मंजूरी नहीं मिली।
उन्होंने मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी की तारीफ करते हुए कहा कि राज्य सरकार ने केंद्र की सुरक्षा संबंधी जरूरतों पर तेजी से फैसला लिया। शाह ने दावा किया कि मौजूदा सरकार के कार्यकाल में परियोजनाओं के लिए औपचारिक पत्र भेजे जाने से पहले ही राज्य की मंजूरी मिल जाती है।
सीमा सुरक्षा बलों के कार्यक्रम में मुख्यमंत्री की मौजूदगी की तारीफ
गृह मंत्री ने एसएसबी और बीएसएफ जैसे सीमा सुरक्षा बलों के कार्यक्रमों में राज्य के पूर्व मुख्यमंत्रियों की गैरमौजूदगी को लेकर भी सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि निमंत्रण दिए जाने के बावजूद पश्चिम बंगाल के पूर्व मुख्यमंत्री ऐसे कार्यक्रमों में शामिल नहीं हुए।
अमित शाह ने मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी की कार्यक्रम में मौजूदगी की सराहना करते हुए कहा कि एसएसबी कोई राजनीतिक संगठन नहीं है और सीमा की सुरक्षा करने वाले बलों के कार्यक्रमों से राजनीतिक सोच को अलग रखा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि सुरक्षा बलों के प्रति सरकार की उदासीनता से गलत संदेश जाता है।
बता दें कि पश्चिम बंगाल में शुभेंदु अधिकारी के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार के 100 दिन पूरे होने के बाद अमित शाह गुरुवार शाम बागडोगरा पहुंचे थे। अपने दौरे के दौरान उन्होंने राज्य की सुरक्षा व्यवस्था और सीमा से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर सरकार की भूमिका की सराहना की।