अमरावती। आंध्र प्रदेश के पलनाडू जिले में गुरुवार तड़के एक भीषण सड़क हादसे में 7 लोगों की मौत हो गई, जबकि 8 लोग घायल हुए हैं। मृतकों में 6 महिलाएं शामिल हैं। हादसा चिलकलुरिपेट में अड्डा रोड के पास उस वक्त हुआ, जब विजयवाड़ा से तिरुपति जा रही एक प्राइवेट बस ने ऑटो-रिक्शा को जोरदार टक्कर मार दी।
जानकारी के अनुसार, ऑटो-रिक्शा में करीब 15 लोग सवार थे। सभी लोग प्रकाशम जिले के कोंडामांजुलुर में आयोजित जन्मदिन की पार्टी से वापस अपने गांव लौट रहे थे। इसी दौरान चिलकलुरिपेट के पास तेज रफ्तार प्राइवेट बस ने ऑटो को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि ऑटो सवार कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।
चार लोगों की मौके पर मौत
हादसे में चार लोगों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। गंभीर रूप से घायल अन्य लोगों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, जहां इलाज के दौरान दो लोगों की गुंटूर के सरकारी जनरल अस्पताल और एक व्यक्ति की चिलकलुरिपेट सरकारी अस्पताल में मौत हो गई।
हादसे में घायल 8 लोगों, जिनमें चार बच्चे भी शामिल हैं, को गुंटूर के सरकारी जनरल अस्पताल और चिलकलुरिपेट सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों की निगरानी में उनका इलाज जारी है।
मृतकों की पहचान बोंटू बाबू (62), बोंटू मानेम्मा (55), संपूर्णम्मा (70), गंगम्मा (50), लक्ष्मम्मा (75), चौतुपल्ली स्वार्थम्मा (45) और मारियम्मा (45) के रूप में हुई है। सभी मृतक चिलकलुरिपेट मंडल के वेलुरु गांव के रहने वाले बताए गए हैं।
मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री ने जताया दुख
हादसे पर आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने गहरा दुख जताया। उन्होंने मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए अधिकारियों को घायलों को बेहतर से बेहतर इलाज उपलब्ध कराने और उनकी स्वास्थ्य स्थिति पर लगातार नजर रखने के निर्देश दिए।
उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण ने भी हादसे पर दुख व्यक्त किया। उन्होंने जिला अधिकारियों से बात कर घायलों के इलाज की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
गृह मंत्री ने दिए जांच के निर्देश
राज्य की गृह मंत्री वंगालपुडी अनीता ने चिलकलुरिपेट हादसे को लेकर पलनाडू के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक से जानकारी ली। उन्होंने हादसे में हुई मौतों, घायलों और राहत एवं बचाव कार्यों की स्थिति की जानकारी ली।
गृह मंत्री ने पुलिस अधिकारियों को घायलों के बेहतर इलाज की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने हादसे के सभी पहलुओं की जांच करने को कहा। इसमें दुर्घटना के समय बस की रफ्तार, चालक की संभावित लापरवाही और हादसे की परिस्थितियों की जांच शामिल है।
गृह मंत्री अनीता ने कहा कि ऐसी दुर्घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सड़क सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करना जरूरी है। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।