रायपुर। छत्तीसगढ़ में ठंड का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है। प्रदेश के कई हिस्सों में शीतलहर चल रही है, जबकि उत्तर और मध्य छत्तीसगढ़ में घना कोहरा लोगों की मुश्किलें बढ़ा रहा है। मौसम विभाग का कहना है कि फिलहाल ठंड से राहत के आसार नहीं हैं और आने वाले कुछ दिनों में तापमान और गिर सकता है।
चार दिन तक मौसम में बदलाव नहीं
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, अगले चार दिनों तक मौसम की स्थिति लगभग समान बनी रहेगी। इसके बाद किसी नए मौसम तंत्र के सक्रिय होने की संभावना है, लेकिन तब तक सर्दी से राहत नहीं मिलेगी। विशेषज्ञों का अनुमान है कि तापमान में और गिरावट दर्ज की जा सकती है, जिससे ठंड का असर और तेज होगा।
सरगुजा में शीतलहर का सबसे ज्यादा असर
प्रदेश का सरगुजा संभाग इस समय सबसे ज्यादा ठंड की चपेट में है। यहां शीतलहर के साथ-साथ सुबह और रात के समय घना कोहरा छाया रहता है, जिससे दृश्यता काफी कम हो रही है। पहाड़ी और वनांचल क्षेत्रों में ठिठुरन ज्यादा महसूस की जा रही है।
राजधानी रायपुर भी ठंड की गिरफ्त में
राजधानी रायपुर में भी शीतलहर का असर देखने को मिल रहा है। ठंड को देखते हुए नगर निगम ने शहर के विभिन्न इलाकों में अलाव जलाने की व्यवस्था की है। निगम सीमा में एक दर्जन से अधिक स्थानों पर रातभर अलाव जलाने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि जरूरतमंदों को राहत मिल सके।
आज कैसा रहेगा मौसम
मौसम विभाग के अनुसार, आज प्रदेश के अधिकतर हिस्सों में मौसम शुष्क रहेगा, लेकिन सुबह के समय कई जिलों में धुंध और कोहरा देखने को मिल सकता है। सरगुजा सहित कुछ इलाकों में शीतलहर का अलर्ट जारी है, वहीं मैदानी क्षेत्रों में भी ठंड का असर बना रहेगा।
इन जिलों में तेजी से गिरा तापमान
दिसंबर महीने में प्रदेश के कई शहरों का न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे पहुंच चुका है। मैनपाट, अंबिकापुर, पेंड्रा, जगदलपुर, बिलासपुर और राजनांदगांव में तापमान लगातार गिर रहा है। मैनपाट में तो रात का पारा 4 डिग्री सेल्सियस से भी नीचे दर्ज किया गया है, जिससे लोग कड़ाके की ठंड महसूस कर रहे हैं।
मौसम विभाग ने नागरिकों को ठंड से बचाव के लिए सतर्क रहने और आवश्यक सावधानियां बरतने की सलाह दी है।