भिलाई। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय शुक्रवार को अल्प प्रवास पर दुर्ग पहुँचे, जहाँ उन्होंने पिछड़ा वर्ग प्राधिकरण की महत्वपूर्ण बैठक में भाग लिया। बैठक के दौरान प्राधिकरण से जुड़े विकास कार्यों, योजनाओं और आगामी रणनीतियों पर गहन समीक्षा की गई।
बैठक के पश्चात मीडिया से बातचीत में मुख्यमंत्री साय ने नक्सलवाद को लेकर बड़ा बयान देते हुए कहा कि केंद्र सरकार के स्पष्ट संकल्प और सुरक्षा बलों की प्रभावी कार्रवाई के चलते 31 मार्च तक प्रदेश से नक्सलवाद का पूरी तरह सफाया कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में सुरक्षा एजेंसियाँ पूरी प्रतिबद्धता के साथ अभियान को अंजाम दे रही हैं।
धान खरीदी से जुड़े सवाल पर मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में इस वर्ष धान उपार्जन सुचारु रूप से संपन्न हुआ है। सरकार द्वारा लगभग ढाई महीने तक लगातार खरीदी की गई। समीक्षा के दौरान यह सामने आया कि कुछ सीमित संख्या में किसान अभी भी धान विक्रय से वंचित रह गए थे, जिसे ध्यान में रखते हुए खरीदी की अवधि को दो दिन के लिए और बढ़ाया गया। मुख्यमंत्री ने भरोसा जताया कि अतिरिक्त समय में सभी किसानों की धान खरीदी पूरी कर ली जाएगी।
मुख्यमंत्री साय ने बताया कि दुर्ग में आयोजित पिछड़ा वर्ग प्राधिकरण की बैठक में कई उपयोगी सुझाव सामने आए हैं, जिन पर अमल किया जाएगा। उन्होंने जानकारी दी कि प्राधिकरण के लिए 80 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है, जिसका उपयोग संबंधित क्षेत्रों के सर्वांगीण विकास के लिए किया जाएगा। साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि प्रदेश में अलग-अलग जिलों में कुल पाँच प्राधिकरण गठित किए गए हैं, ताकि क्षेत्रीय जरूरतों के अनुसार योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन हो सके।
इस अवसर पर आयोजित प्रेसवार्ता में स्कूल शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव, स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल तथा दुर्ग विधायक ललित चंद्राकर भी उपस्थित रहे।