देहरादून: उत्तराखंड के प्रसिद्ध तीर्थ केदारनाथ मंदिर और बद्रीनाथ मंदिर में प्रवेश को लेकर नए नियमों का प्रस्ताव सामने आया है। मंदिर प्रबंधन की ओर से गर्भगृह में प्रवेश के लिए कुछ सख्त प्रावधान लागू करने की तैयारी की जा रही है। प्रस्ताव के अनुसार, गैर-सनातनी श्रद्धालुओं को मंदिर में प्रवेश से पहले अपनी आस्था से जुड़ा लिखित घोषणा-पत्र देना पड़ सकता है। इस मुद्दे ने धार्मिक और राजनीतिक हलकों में नई बहस छेड़ दी है।
इस प्रस्ताव के सामने आने के बाद बॉलीवुड अभिनेत्री सारा अली खान का नाम भी चर्चा में आ गया है, क्योंकि वह कई बार केदारनाथ धाम में दर्शन के लिए जाती रही हैं। प्रस्तावित नियमों के मुताबिक यदि कोई गैर-हिंदू श्रद्धालु गर्भगृह में प्रवेश करना चाहता है, तो उसे सनातन धर्म के प्रति अपनी श्रद्धा का हलफनामा देना पड़ सकता है।
इस मुद्दे पर प्रतिक्रिया देते हुए अभिनेत्री और सांसद कंगना रनौत ने कहा कि यदि कोई व्यक्ति सनातन पर विश्वास रखता है, तो उसे लिखित रूप में व्यक्त करने में झिझक नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सनातन परंपरा बेहद प्राचीन है और इसे स्वीकार करने में किसी को संकोच नहीं होना चाहिए।
मंदिर प्रबंधन संस्था बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने भी इस मुद्दे पर सफाई दी। उनके अनुसार, यदि कोई श्रद्धालु सनातन पर अपनी आस्था व्यक्त करते हुए निर्धारित प्रक्रिया पूरी करता है, तो उसे मंदिर में दर्शन करने की अनुमति दी जा सकती है। समिति ने इस प्रस्ताव को अंतिम मंजूरी के लिए राज्य सरकार को भेज दिया है।
उधर, आगामी चारधाम यात्रा को लेकर भी श्रद्धालुओं में काफी उत्साह देखा जा रहा है। यात्रा के लिए ऑनलाइन पंजीकरण शुरू होने के कुछ ही दिनों में लाखों लोगों ने रजिस्ट्रेशन करवा लिया है, जिससे इस बार बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना जताई जा रही है।