दुर्ग: दुर्ग पुलिस ने 12 जनवरी 2026 को म्युल अकाउंट गैंग का एक और फरार आरोपी विशाल मसीह (27 वर्ष, सेक्टर 6, भिलाई) को गिरफ्तार किया है। आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है। इससे पहले पुलिस ने इस गैंग के 5 अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था।
आरोपियों से बरामद सामग्री
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से कुल 78 एटीएम और क्रेडिट कार्ड, 21 चेकबुक, 18 पासबुक और 16 विभिन्न कंपनी के सिम कार्ड बरामद किए हैं। गिरफ्तार विशाल मसीह के कब्जे से भी कई बैंक पासबुक और एटीएम कार्ड जब्त किए गए।
घटना की पूरी कहानी
30 दिसंबर 2025 को थाना पदमनाभपुर में एक प्रार्थी ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उनके मोबाइल दुकान में काम करने वाला अमित मिश्रा और उसके परिचित लोकेश जाधव उर्फ लक्की ने उन्हें बैंक अकाउंट का दुरुपयोग करने के लिए प्रलोभन दिया। लोकेश जाधव अपने बड़े भाई टवन कुमार जाधव के साथ मिलकर म्युल अकाउंट सप्लाई का काम करता था।
पुलिस ने जांच के दौरान लोकेश को महाराष्ट्र के कल्याण से दुर्ग बस स्टैंड पर गिरफ्तार किया। उसके कब्जे से 33 एटीएम/क्रेडिट कार्ड, 15 चेकबुक, 9 पासबुक और 12 सिम कार्ड बरामद हुए। उसके बड़े भाई टवन के घर की तलाशी में और भी सामग्री जब्त की गई।
इस कार्रवाई में तीन अन्य आरोपियों विनय सिंग सेंगर, राजु गायकवाड और अमित मिश्रा को भी गिरफ्तार किया गया।
पुलिस की कार्रवाई
दुर्ग पुलिस लगातार सायबर फ्रॉड, म्युल अकाउंट होल्डर्स और सप्लायर्स के खिलाफ अभियान चला रही है। इस मामले में थाना पदमनाभपुर में अपराध क्रमांक 566/25 के तहत धारा 317(4), 319(2), 61, 42(2), 42(3) बी.एन.एस. के तहत कार्रवाई की गई है।
पुलिस ने बताया कि यह गिरफ्तारी म्युल अकाउंट गैंग के खिलाफ चल रहे अभियान में एक महत्वपूर्ण सफलता है और अन्य आरोपी भी जल्द गिरफ्तार किए जाएंगे।