BCCI : ईशान किशन इन दिनों घरेलू क्रिकेट में जबरदस्त लय में नजर आ रहे हैं। विजय हजारे ट्रॉफी में उनकी विस्फोटक बल्लेबाज़ी ने सभी का ध्यान खींचा, जहां उन्होंने बेहद कम गेंदों में शतक जड़कर फैंस को चौंका दिया। शानदार फॉर्म के बावजूद अगले ही मुकाबले में उनका नाम प्लेइंग इलेवन से गायब रहा, जिससे क्रिकेट जगत में कई सवाल खड़े हो गए।
राजस्थान के खिलाफ झारखंड के मुकाबले में ईशान किशन को टीम में शामिल नहीं किया गया। इस मैच में झारखंड की कप्तानी कुमार कुशाग्र को सौंपी गई। बाद में यह स्पष्ट हुआ कि ईशान को बाहर रखने का फैसला टीम प्रबंधन का नहीं, बल्कि भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) का था।
बीसीसीआई के निर्देश पर मिला आराम
टीम से जुड़े सूत्रों के मुताबिक बीसीसीआई ने ईशान किशन को एहतियातन ब्रेक लेने की सलाह दी है। कप्तान कुमार कुशाग्र ने भी इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि ईशान टीम छोड़कर अपने घर लौट चुके हैं और 2 जनवरी को दोबारा टीम से जुड़ेंगे। बोर्ड का मानना है कि आगामी अंतरराष्ट्रीय जिम्मेदारियों को देखते हुए खिलाड़ी को पूरी तरह फिट और तरोताजा रखना जरूरी है।
दरअसल ईशान किशन को न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 सीरीज और 2026 टी20 वर्ल्ड कप की योजनाओं में अहम माना जा रहा है। इसी वजह से बीसीसीआई नहीं चाहता कि घरेलू टूर्नामेंट के दौरान किसी तरह का जोखिम लिया जाए।
लगातार चमक रहा है ईशान का प्रदर्शन
ईशान किशन ने हाल ही में सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में झारखंड को खिताब दिलाने में बड़ी भूमिका निभाई थी। उन्होंने टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा रन बनाए और करीब 200 के स्ट्राइक रेट से बल्लेबाज़ी करते हुए दो शतक और दो अर्धशतक लगाए। फाइनल मुकाबले में उनकी शतकीय पारी ने झारखंड को पहली बार चैंपियन बनाया।
इसके बाद विजय हजारे ट्रॉफी में भी ईशान का बल्ला नहीं रुका। एक मैच में उन्होंने महज कुछ ही ओवरों में ताबड़तोड़ 125 रन ठोक दिए, जिसमें कई गगनचुंबी छक्के शामिल थे। उनकी मौजूदा फॉर्म को देखते हुए बीसीसीआई का मानना है कि सही समय पर आराम देना लंबे समय के लिहाज से बेहतर फैसला है।