नई दिल्ली। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी-शरदचंद्र पवार (NCP-SP) के सभी आठ लोकसभा सांसदों ने सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। करीब 30 मिनट चली इस बैठक में महाराष्ट्र से जुड़े कई स्थानीय और क्षेत्रीय मुद्दों पर चर्चा हुई। पार्टी ने इसे फिलहाल शिष्टाचार मुलाकात बताया है, लेकिन संसद के मानसून सत्र के अंतिम सप्ताह में हुई इस बैठक ने राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं को जरूर तेज कर दिया है।
सुप्रिया सुले समेत 8 सांसद रहे मौजूद
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलने वाले NCP-SP प्रतिनिधिमंडल में सुप्रिया सुले, सुरेश म्हात्रे, भास्कर भगरे, अमर शरदराव काले, अमोल कोल्हे, नीलेश ज्ञानदेव लंके, बजरंग मनोहर सोनवणे और धैर्यशील मोहिते पाटिल शामिल रहे।
पार्टी के अनुसार, सांसदों ने महाराष्ट्र से जुड़े विभिन्न मुद्दों को प्रधानमंत्री के सामने रखा। बैठक करीब आधे घंटे तक चली।
परिसीमन को लेकर बढ़ी चर्चा
PM मोदी से मुलाकात के बाद परिसीमन को लेकर NCP-SP के रुख की चर्चा भी तेज हो गई है। सुप्रिया सुले पहले ही संकेत दे चुकी हैं कि पार्टी प्रस्तावित परिसीमन व्यवस्था पर उसके प्रावधानों के आधार पर अपना फैसला करेगी।
उनका कहना रहा है कि यदि सभी राज्यों के लिए लोकसभा सीटों में समान अनुपात से बढ़ोतरी की जाती है, तो NCP-SP प्रस्ताव के समर्थन पर विचार कर सकती है। उन्होंने सभी राज्यों की लोकसभा सीटों में करीब 50 प्रतिशत तक बढ़ोतरी के संभावित विकल्प का भी उल्लेख किया था।
NDA में जाने की अटकलों ने भी पकड़ा जोर
प्रधानमंत्री से NCP-SP सांसदों की मुलाकात के बाद पार्टी के NDA के करीब जाने की अटकलें भी राजनीतिक गलियारों में तेज हो गई हैं। हालांकि, सुप्रिया सुले पहले ही इस तरह की चर्चाओं को खारिज कर चुकी हैं।
उनका कहना है कि जब तक केंद्र सरकार की ओर से कोई नया विधेयक या स्पष्ट प्रस्ताव सामने नहीं आता, तब तक पार्टी के रुख को लेकर किसी तरह का अनुमान लगाना उचित नहीं होगा।
कांग्रेस ने भी रखी थी अपनी मांग
NCP-SP सांसदों की प्रधानमंत्री से मुलाकात से पहले कांग्रेस ने शरद पवार गुट से परिसीमन और महिला आरक्षण को लेकर INDIA गठबंधन का पक्ष प्रधानमंत्री के सामने रखने की अपील की थी।
कांग्रेस नेता सचिन सावंत ने कहा था कि 2023 में पारित महिला आरक्षण कानून को जल्द लागू किया जाना चाहिए। उन्होंने महिला आरक्षण को परिसीमन से जोड़ने के बजाय अलग तरीके से लागू करने की मांग भी उठाई थी।
मानसून सत्र के अंतिम सप्ताह में मुलाकात अहम
संसद के मानसून सत्र का अंतिम सप्ताह चल रहा है। ऐसे समय में सरकार और विपक्षी दलों के बीच विभिन्न महत्वपूर्ण विधेयकों और मुद्दों को लेकर बातचीत को अहम माना जाता है। ऐसे में NCP-SP के सभी आठ लोकसभा सांसदों की प्रधानमंत्री से मुलाकात राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
हालांकि, NCP-SP ने इस बैठक को शिष्टाचार मुलाकात बताया है। अब नजर इस बात पर रहेगी कि आने वाले दिनों में परिसीमन, महिला आरक्षण और अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों पर पार्टी अपना क्या रुख अपनाती है।