मुंबई। अमेरिका-ईरान शांति वार्ता को लेकर बनी अनिश्चितता और अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में आई नरमी के बीच सप्ताह के पहले कारोबारी दिन सोमवार को मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) पर सोना और चांदी मजबूत बढ़त के साथ कारोबार करते नजर आए। कीमती धातुओं में निवेशकों की खरीदारी बढ़ने से दोनों धातुओं में एक प्रतिशत तक की तेजी दर्ज की गई।
एमसीएक्स पर अगस्त डिलीवरी वाला सोना शुरुआती कारोबार में उतार-चढ़ाव के बाद संभल गया। यह अपने पिछले बंद स्तर 1,47,203 रुपये प्रति 10 ग्राम की तुलना में गिरावट के साथ खुला, लेकिन निचले स्तरों पर खरीदारी आने से तेजी लौट आई। सुबह करीब 10:54 बजे सोना 849 रुपये यानी 0.58 प्रतिशत की बढ़त के साथ 1,48,052 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा था। कारोबार के दौरान यह 1,48,180 रुपये के उच्च स्तर तक भी पहुंचा।
वहीं जुलाई डिलीवरी वाली चांदी ने सोने की तुलना में अधिक मजबूती दिखाई। चांदी 2,715 रुपये यानी 1.16 प्रतिशत की तेजी के साथ 2,35,900 रुपये प्रति किलोग्राम पर कारोबार करती नजर आई। कारोबार की शुरुआत में ही इसमें 1.6 प्रतिशत तक की उछाल दर्ज की गई और भाव 2,37,106 रुपये प्रति किलोग्राम के दिन के उच्चतम स्तर तक पहुंच गए।
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, एमसीएक्स गोल्ड ने कमजोर शुरुआत के बावजूद मजबूत रिकवरी दिखाई है। यदि सोना 1,48,000 से 1,48,400 रुपये के रेजिस्टेंस जोन के ऊपर टिकने में सफल रहता है तो इसमें तेजी बढ़कर 1,49,500 से 1,50,000 रुपये और आगे 1,51,000 रुपये तक जा सकती है। दूसरी ओर 1,46,000 से 1,45,600 रुपये का स्तर महत्वपूर्ण सपोर्ट माना जा रहा है।
विशेषज्ञों का कहना है कि फिलहाल निवेशकों का रुख सतर्क बना हुआ है, लेकिन हालिया रिकवरी ने बाजार में सकारात्मक संकेत दिए हैं। सोने में मजबूत तेजी के लिए 1,50,000 रुपये के मनोवैज्ञानिक स्तर को फिर से हासिल करना महत्वपूर्ण होगा।
चांदी के बारे में विशेषज्ञों ने बताया कि इसकी मजबूत शुरुआत बाजार में तेजी का संकेत है। यदि चांदी 2,37,000 से 2,38,000 रुपये के प्रतिरोध क्षेत्र को पार कर लेती है तो भाव 2,40,000 से 2,42,000 रुपये प्रति किलोग्राम तक पहुंच सकते हैं। वहीं 2,35,000 रुपये के नीचे फिसलने पर बिकवाली का दबाव बढ़ सकता है।
उधर ऊर्जा बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट देखने को मिली। अंतरराष्ट्रीय बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड दो प्रतिशत से अधिक टूटकर करीब 79 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा था, जबकि अमेरिकी वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (डब्ल्यूटीआई) क्रूड लगभग तीन प्रतिशत गिरकर 75 डॉलर प्रति बैरल के आसपास पहुंच गया। कच्चे तेल में नरमी और वैश्विक अनिश्चितताओं के बीच निवेशकों का रुझान सुरक्षित निवेश विकल्पों की ओर बढ़ने से सोना और चांदी को समर्थन मिला है।