दुर्ग निगम के इतिहास में पहली बार महिला IAS आयुक्त, लीना कोसम को मिली जिम्मेदारी

दुर्ग। दुर्ग नगर निगम के इतिहास में पहली बार किसी महिला IAS अधिकारी को निगम आयुक्त की जिम्मेदारी सौंपी गई है। राज्य शासन के सामान्य प्रशासन विभाग ने IAS अधिकारी लीना कोसम को दुर्ग नगर निगम का अस्थाई आयुक्त नियुक्त किया है। इस नियुक्ति के साथ ही निगम प्रशासन में नई नेतृत्व व्यवस्था को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।

आईएएस सुमित अग्रवाल के तबादले के करीब एक महीने बाद लीना कोसम को निगम आयुक्त की जिम्मेदारी दी गई है। लंबे समय से दुर्ग नगर निगम में नए आयुक्त की नियुक्ति का इंतजार किया जा रहा था। ऐसे में नई नियुक्ति को प्रशासनिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

विकास कार्यों को गति देना बड़ी चुनौती

नई आयुक्त लीना कोसम के सामने दुर्ग शहर में चल रही विकास योजनाओं को गति देने और विभिन्न विभागों से जुड़े लंबित कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा कराने की चुनौती होगी। शहर में सड़क, नाली, सफाई, पेयजल, स्ट्रीट लाइट, भवन निर्माण, राजस्व वसूली और अन्य नागरिक सुविधाओं से जुड़े कार्य नगर निगम के दायरे में आते हैं।

ऐसे में नई आयुक्त की कार्यप्रणाली और प्राथमिकताओं पर शहरवासियों के साथ-साथ जनप्रतिनिधियों और निगम कर्मचारियों की भी नजर रहेगी।

निगम की आर्थिक स्थिति सुधारना भी चुनौती

नई आयुक्त के सामने नगर निगम की आर्थिक स्थिति को मजबूत करना भी अहम चुनौती होगी। निगम की राजस्व आय बढ़ाने के लिए संपत्ति कर सहित अन्य करों और विभिन्न मदों से होने वाली वसूली में सुधार की आवश्यकता है।

राजस्व संग्रहण बेहतर होने से निगम को कर्मचारियों के वेतन सहित अन्य नियमित खर्चों के भुगतान में भी राहत मिलने की उम्मीद है। इसके साथ ही शहर में चल रहे विकास कार्यों के लिए वित्तीय प्रबंधन को बेहतर बनाना भी महत्वपूर्ण होगा।

पारदर्शिता और शिकायतों के निराकरण पर रहेगी नजर

निगम की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता बढ़ाना और नागरिकों की शिकायतों का समय पर निराकरण करना भी नई आयुक्त के लिए महत्वपूर्ण जिम्मेदारी होगी। लंबित परियोजनाओं को गति देने के साथ विकास कार्यों की गुणवत्ता और निर्धारित समयसीमा की निगरानी पर भी जोर देना होगा।

पहली महिला IAS आयुक्त बनने से बढ़ी उम्मीदें

दुर्ग नगर निगम में पहली महिला IAS आयुक्त के रूप में लीना कोसम की नियुक्ति को प्रशासनिक स्तर पर महत्वपूर्ण बदलाव माना जा रहा है। अब शहरवासियों और जनप्रतिनिधियों की नजर इस बात पर रहेगी कि नई आयुक्त किन प्राथमिकताओं के साथ काम शुरू करती हैं।

निगम की वित्तीय स्थिति, विकास योजनाओं, नागरिक सुविधाओं और लंबित कार्यों को लेकर उनके फैसले आने वाले दिनों में दुर्ग नगर निगम की कार्यप्रणाली की दिशा तय कर सकते हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *