- ऑरेंज अलर्ट के बीच सड़कों पर पसरा सन्नाटा
- गर्म हवा के थपेड़ों से लोग बेहाल, तीखी धूप के कारण दोपहर में ‘रियल फील’ तापमान 46 डिग्री के पार पहुंचा
- मौसम विभाग की चेतावनी- अगले 3-4 दिनों तक भीषण लू (हीटवेव) से राहत मिलने के आसार नहीं
दुर्ग, 26 मई । नवतपा के शुरू होते ही दुर्ग-भिलाई सहित पूरे जिले में सूर्यदेव ने अपना रौद्र रूप दिखाना शुरू कर दिया है। मंगलवार को नवतपा के दूसरे दिन जिले का अधिकतम तापमान रिकॉर्ड 44.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से अधिक रहा। दोपहर के समय तीखी धूप और वातावरण में उमस के कारण वास्तविक महसूस होने वाला तापमान (रियल फील) 46 डिग्री सेल्सियस से भी ऊपर महसूस किया गया। सुबह 10 बजे से ही आसमान से बरसती आग और चलती गर्म हवाओं (लू) के कारण जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया, जिससे दोपहर के समय शहर के मुख्य बाजारों और सड़कों पर अघोषित कर्फ्यू जैसा सन्नाटा पसरा रहा।
ऑरेंज अलर्ट जारी, रात में भी राहत नहीं
मौसम विभाग ने दुर्ग सहित मध्य छत्तीसगढ़ के मैदानी इलाकों के लिए ‘ऑरेंज अलर्ट’ (Orange Alert) जारी किया है। रात का न्यूनतम तापमान भी 31 से 35 डिग्री सेल्सियस के बीच बने रहने के कारण लोगों को रात में भी भीषण उमस और गर्मी का सामना करना पड़ रहा है।

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, वर्तमान में राजस्थान से आ रही शुष्क और गर्म हवाओं के कारण छत्तीसगढ़ के कई हिस्सों में ‘लू’ की स्थिति बनी हुई है, जो अगले 3 से 4 दिनों तक इसी तरह बरकरार रह सकती है।
भीषण गर्मी से बचने के लिए लोग केवल बेहद जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर कदम रख रहे हैं। धूप से बचने के लिए लोग चेहरों और सिर को सूती कपड़ों व स्कार्फ से ढककर निकल रहे हैं। वहीं, शरीर को ठंडा रखने के लिए शहर के चौक-चौराहों पर स्थित गन्ने के रस, छाछ, लस्सी और नींबू-पानी के ठेलों पर लोगों की भारी भीड़ देखी जा रही है।
- स्थानीय डॉक्टरों की सलाह है कि,दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच सीधे धूप में निकलने से बचें।
- घर से बाहर निकलते समय पानी या ओआरएस (ORS) का घोल पीकर ही निकलें।
- खाली पेट तेज धूप में न जाएं और चक्कर या उल्टी आने पर तुरंत नजदीकी डॉक्टर से संपर्क करें।