सावन में गहरी मेहंदी का रंग चाहिए तो अपनाएं ये आसान टिप्स, हाथों की खूबसूरती में लगेंगे चार चांद

डेस्क: सावन का महीना आते ही मेहंदी की खुशबू और हरे-भरे रंग से त्योहारों की रौनक बढ़ जाती है। खासकर महिलाओं के लिए मेहंदी सावन के श्रृंगार का अहम हिस्सा मानी जाती है। हर किसी की चाहत होती है कि हाथों पर लगी मेहंदी का रंग गहरा, खूबसूरत और लंबे समय तक बना रहे। हालांकि कई बार अच्छी मेहंदी लगाने के बावजूद मनचाहा रंग नहीं आ पाता। ऐसे में मेहंदी लगाने से पहले और बाद की कुछ छोटी-छोटी सावधानियां रंग को बेहतर बनाने में मदद कर सकती हैं।

मेहंदी लगाने से पहले हाथों की करें अच्छी सफाई

गहरी मेहंदी के लिए सबसे पहले हाथों को अच्छी तरह साफ करना जरूरी है। मेहंदी लगाने से पहले हाथों को साबुन से धोकर पूरी तरह सुखा लें। हाथों पर तेल, धूल या गंदगी होने से मेहंदी त्वचा पर ठीक से नहीं बैठ पाती। वहीं मेहंदी लगाने से ठीक पहले मॉइस्चराइजर, क्रीम या लोशन लगाने से बचें। इनकी परत त्वचा और मेहंदी के बीच आ सकती है, जिससे रंग हल्का पड़ सकता है।

अच्छी क्वालिटी की प्राकृतिक मेहंदी चुनें

मेहंदी का रंग उसकी गुणवत्ता पर भी काफी निर्भर करता है। इसलिए ताजी और अच्छी क्वालिटी की प्राकृतिक मेहंदी का इस्तेमाल करना बेहतर माना जाता है। बहुत पुरानी या गलत तरीके से रखी गई मेहंदी से मनचाहा रंग नहीं मिल सकता। बाजार में मिलने वाली ऐसी मेहंदी से भी सावधान रहें, जो बहुत कम समय में असामान्य रूप से गहरा रंग देने का दावा करती है। त्वचा पर लगाने वाली मेहंदी खरीदते समय उसकी सामग्री और गुणवत्ता जरूर जांचें।

मेहंदी को पर्याप्त समय तक लगा रहने दें

जल्दबाजी में मेहंदी हटाने से भी रंग हल्का रह सकता है। मेहंदी को कई घंटे तक हाथों पर लगा रहने देने से रंग को विकसित होने का पर्याप्त समय मिलता है। सुविधानुसार इसे रातभर भी रखा जा सकता है। हालांकि मेहंदी कितनी देर तक रखनी है, यह उसकी गुणवत्ता और त्वचा पर निर्भर करता है। अगर मेहंदी लगाने के बाद जलन, खुजली या किसी तरह की परेशानी महसूस हो तो उसे तुरंत हटा दें।

नींबू-चीनी का घोल लगाते समय रहें सावधान

मेहंदी सूखने के बाद कई लोग नींबू और चीनी का हल्का घोल लगाते हैं। इससे सूखी मेहंदी कुछ समय तक हाथों पर चिपकी रह सकती है और जल्दी झड़ने से बच सकती है। हालांकि इसे बहुत कम मात्रा में और सावधानी से लगाना चाहिए। संवेदनशील त्वचा वाले लोगों को खास सावधानी बरतनी चाहिए, क्योंकि नींबू से जलन हो सकती है। पहली बार इस्तेमाल करने पर त्वचा के छोटे हिस्से पर परीक्षण करना बेहतर है।

मेहंदी हटाने के तुरंत बाद पानी से बचें

मेहंदी हटाने के बाद हाथों को तुरंत पानी में डालने से बचें। सूखी मेहंदी को हल्के हाथों से रगड़कर या खुरचकर निकालें। इसके तुरंत बाद साबुन से हाथ धोने से भी बचना बेहतर है। मेहंदी हटाने के बाद रंग धीरे-धीरे गहरा होता है और शुरुआती नारंगी रंग समय के साथ अधिक गहरा दिखाई दे सकता है।

लौंग की भाप लेते समय रखें विशेष सावधानी

मेहंदी का रंग गहरा करने के लिए लौंग की भाप लेने का पारंपरिक तरीका भी प्रचलित है। इसमें गर्म की गई लौंग से निकलने वाली हल्की भाप के पास हाथ रखे जाते हैं। हालांकि इस दौरान सावधानी बेहद जरूरी है। हाथों को गर्म भाप के बहुत करीब ले जाने से त्वचा जल सकती है। बच्चों और संवेदनशील त्वचा वाले लोगों को यह तरीका अपनाते समय विशेष सावधानी बरतनी चाहिए।

मेहंदी हटाने के बाद लगा सकती हैं हल्का तेल

मेहंदी हटाने के बाद हाथों पर थोड़ी मात्रा में नारियल या सरसों का तेल लगाने का चलन भी पुराना है। इससे त्वचा में नमी बनी रहती है और हाथों का रूखापन कम हो सकता है। हालांकि मेहंदी का रंग कितना गहरा होगा, यह मेहंदी की गुणवत्ता, त्वचा और लगाने के तरीके जैसे कई कारकों पर निर्भर करता है।

इन बातों का भी रखें ध्यान

मेहंदी का रंग सिर्फ किसी एक घरेलू उपाय से गहरा नहीं होता। इसकी रंगत मेहंदी की गुणवत्ता, त्वचा, लगाने के तरीके और उसे पर्याप्त समय देने जैसे कई कारणों पर निर्भर करती है। इसलिए सावन में मेहंदी लगाने से पहले हाथों की अच्छी तरह सफाई करें, बेहतर गुणवत्ता वाली प्राकृतिक मेहंदी चुनें और उसे पर्याप्त समय तक लगा रहने दें।

साथ ही त्वचा पर किसी भी घरेलू नुस्खे का इस्तेमाल सावधानी से करें। अगर जलन या एलर्जी जैसी समस्या महसूस हो तो उसे तुरंत हटा दें। सावधानी के साथ लगाई गई मेहंदी न सिर्फ हाथों की खूबसूरती बढ़ाएगी, बल्कि सावन के त्योहारों की रौनक भी दोगुनी कर देगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *