भिलाई-3 : कभी-कभी न्याय तक पहुँचने के लिए सबसे बड़ी चुनौती कानून नहीं, दूरी होती है। इसी दूरी को कम करने और न्याय को लोगों के और करीब लाने की दिशा में भिलाई-3 एक नई शुरुआत का साक्षी बनने जा रहा है।
दिनांक 31 अगस्त 2026 को भिलाई-3 में जिला एवं सत्र न्यायालय तथा फैमिली कोर्ट कैंप कोर्ट (एडिशनल सिटिंग) का वर्चुअल उद्घाटन माननीय मुख्य न्यायाधिपति श्री रमेश सिन्हा, छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय, बिलासपुर द्वारा किया जाएगा।
एक कोर्ट, एक नई कनेक्टिविटी भिलाई-3 और आसपास के नागरिकों के लिए इसका अर्थ सिर्फ एक नए न्यायालय का खुलना नहीं है। इसका अर्थ है – कम दूरी। कम समय। कम परेशानी। और न्याय तक आसान पहुँच।
अब न्यायिक सुविधा तक पहुँचने के लिए लोगों को हर बार दुर्ग तक जाने की आवश्यकता नहींं होगी। स्थानीय स्तर पर न्यायिक सेवाओं की उपलब्धता से विशेष रूप से परिवार संबंधी विवादों एवं अन्य न्यायिक मामलों में नागरिकों को अधिक सुविधाजनक वातावरण मिलेगा।
आज की दुनिया में सेवाएँ वहीं सफल होती हैं जो लोगों तक पहुँचती हैं। न्याय व्यवस्था भी इससे अलग नहीं है। भिलाई-3 में यह नई न्यायिक सुविधा इसी सोच का हिस्सा है – “Justice should be accessible, not distant.”
वर्चुअल माध्यम से होने वाला यह उद्घाटन न्यायपालिका द्वारा तकनीक, पहुंच और जनसुविधा को साथ लेकर आगे बढ़ने का एक और उदाहरण होगा। यह शुरुआत केवल एक भवन या एक कोर्ट की शुरुआत नहीं है। यह उस सोच की शुरुआत है, जिसमें न्याय की दूरी लगातार कम होती जाती है।