दुर्ग, 23 अप्रैल।नगर निगम दुर्ग द्वारा शहर में बढ़ते ध्वनि प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए सख्त कदम उठाए जा रहे हैं। इस संबंध में महापौर अलका बाघमार ने स्पष्ट किया है कि निगम सीमा क्षेत्र में रात 10 बजे के बाद तेज आवाज में डीजे, लाउडस्पीकर एवं अन्य ध्वनि विस्तारक यंत्रों के उपयोग पर पूर्णतः प्रतिबंध रहेगा। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
महापौर ने बताया कि निगम अमला द्वारा रात 10 बजे के बाद विशेष निगरानी रखी जाएगी। यदि इस दौरान कहीं भी हाई वॉल्यूम में डीजे बजता पाया गया, तो पहले डीजे संचालक और उसके बाद संबंधित भवन, लॉन या मैरिज गार्डन संचालक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि शादियों एवं अन्य आयोजनों के दौरान तेज ध्वनि के कारण यदि ट्रैफिक जाम होता है या आमजन को परेशानी होती है, तो संबंधित मैरिज गार्डन या बैंक्वेट हॉल का लाइसेंस निरस्त करने की भी कार्रवाई की जाएगी। इस मामले में भवन एवं आयोजन स्थल के मालिकों को भी जिम्मेदार माना जाएगा।
महापौर अलका बाघमार ने यह भी निर्देश दिए हैं कि बारात के दौरान पेपर कंफेटी (कागज के टुकड़े) उड़ाने वाली मशीनों का उपयोग पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा। नियमों के उल्लंघन पर मशीन जब्त की जाएगी तथा संबंधित पर जुर्माना भी लगाया जाएगा।
उन्होंने नागरिकों एवं आयोजकों से अपील की है कि वे निर्धारित नियमों का पालन करें, ताकि दुर्ग शहर में शांति, स्वच्छता और सुव्यवस्थित वातावरण बनाए रखा जा सके।