बिलासपुर। छत्तीसगढ़ में च्वाइस सेंटर संचालकों को QR कोड के जरिए ठगी का शिकार बनाने के मामले में बिलासपुर रेंज साइबर पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। शुरुआती जानकारी के अनुसार, बिलासपुर समेत प्रदेश के 9 जिलों में करीब 45 च्वाइस सेंटर संचालकों से 20 से 25 लाख रुपये तक की धोखाधड़ी किए जाने का अनुमान है।
QR कोड स्कैन कर लेते थे नकद रुपये
पुलिस के मुताबिक, आरोपी च्वाइस सेंटरों पर पहुंचते थे और वहां लगे QR कोड को स्कैन कर खाते में रकम भेजते थे। इसके बाद वे संचालकों से उतनी ही रकम नकद ले लेते थे और वहां से चले जाते थे। इसी तरीके से अलग-अलग च्वाइस सेंटर संचालकों को कथित तौर पर ठगी का शिकार बनाया गया।
9 जिलों में 45 संचालकों को बनाया निशाना
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने बिलासपुर सहित छत्तीसगढ़ के 9 जिलों में करीब 45 च्वाइस सेंटर संचालकों को निशाना बनाया। इस मामले में कुल ठगी की रकम 20 से 25 लाख रुपये के बीच होने का अनुमान है। पुलिस अब प्रभावित संचालकों और ठगी की वास्तविक रकम का पता लगा रही है।
1.02 लाख रुपये नकद और वाहन जब्त
बिलासपुर रेंज साइबर पुलिस ने मामले में अंकित आहूजा और आशीष केवटवानी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 1 लाख 2 हजार रुपये नकद, एक बलेनो कार, एक स्कूटी और दो मोबाइल फोन जब्त किए हैं।
फिलहाल पुलिस मामले की आगे जांच कर रही है। जांच में ठगी के अन्य मामलों, आरोपियों के तरीके और कुल नुकसान से जुड़ी जानकारी जुटाई जा रही है।