रायपुर। छत्तीसगढ़ में बस यात्रियों की सुरक्षा को और अधिक मजबूत बनाने के लिए परिवहन विभाग ने बड़ा कदम उठाया है। राज्य में संचालित सभी यात्री बसों में व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस (VLTD) लगाना अनिवार्य कर दिया गया है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि निर्धारित समयसीमा के भीतर सभी बस संचालकों को यह डिवाइस लगाकर सक्रिय (एक्टिव) रखना होगा। नियमों का पालन नहीं करने वाले बस मालिकों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
नियम तोड़ने पर होगी कार्रवाई
परिवहन विभाग के आदेश के अनुसार, तय समयसीमा के भीतर ट्रैकिंग डिवाइस नहीं लगाने वाले बस संचालकों पर मोटरयान अधिनियम, 1988 के प्रावधानों के तहत दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध में परिवहन सचिव एवं परिवहन आयुक्त एस. प्रकाश ने 25 जून को नवा रायपुर स्थित इंद्रावती भवन में अधिकारियों और संबंधित हितधारकों के साथ समीक्षा बैठक की।
बस संचालकों को 15 दिन का अंतिम मौका
बैठक में परिवहन आयुक्त ने निर्देश दिए कि जिन बसों में अब तक VLTD नहीं लगाया गया है, उन्हें केवल 15 दिनों के भीतर यह डिवाइस अनिवार्य रूप से स्थापित करनी होगी। साथ ही जिन बसों में डिवाइस लगी है लेकिन किसी कारण से निष्क्रिय है, उसे भी तत्काल सक्रिय करने के निर्देश दिए गए हैं।
कमांड सेंटर से होगी हर बस की निगरानी
नई व्यवस्था लागू होने के बाद राज्य मुख्यालय में स्थापित कमांड एवं कंट्रोल सेंटर से सभी यात्री बसों की रियल-टाइम निगरानी की जाएगी। इससे यह सुनिश्चित किया जा सकेगा कि बसें निर्धारित और स्वीकृत मार्ग पर ही संचालित हो रही हैं।
‘बस संगवारी ऐप’ से यात्रियों को मिलेगा लाभ
परिवहन विभाग के अनुसार, ट्रैकिंग सिस्टम सक्रिय होने के बाद यात्री ‘बस संगवारी ऐप’ के जरिए अपने मोबाइल पर बसों की लाइव लोकेशन देख सकेंगे। इससे यात्रियों, विशेषकर महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा बढ़ेगी और यात्रा पहले से अधिक सुरक्षित एवं सुविधाजनक बनेगी।